केबिन में बुलाकर अकबर ने जकड़ा,ऊपर से नीचे तक छुआ,जबरन किस किया,मैं..छुड़ाने के लिए लड़ती रही

New Delhi: Metoo कैंपेन में केवल बॉलीवुड स्टार्स ही नहीं बल्कि नेताओं को भी नहीं छोड़ा है। इस कैंपेन के बाद यौन शोषण के कई मामले सामने आए हैं। वहीं इस कैंपेन में भारत के विदेश राज्यमंत्री एम जे अकबर पर भी कुछ महिलाओं ने संपादक रहने के दौरान यौन शोषण के आरोप लगाए हैं। बताया जा रहा है कि फोर्स न्यूज मैगजीन की एग्जेक्यूटिव एडिटर गजाला वहाब ने बतौर इंटर्न 1994 में एशियन एज अखबार ज्वाइन किया था। गजाला ने भी तब अखबार के एडिटर रहे एमजे अकबर पर ऑफिस में यौन शोषण के आरोप लगाए हैं। ‘द वायर’ के लिए लिखे लेख में उन्होंने विस्तार से बताया है कि किस तरह अकबर बार-बार उनका यौन शोषण करते थे।

गजाला ने लिखा है कि ऑफिस में उनका तीसरा साल था, तभी अकबर की नजर उन पर पड़ी। उनका डेस्क अकबर के केबिन के सामने शिफ्ट कर दिया गया। यही नहीं इसके बाद अकबर अक्सर उन्हें घूरते रहते और अश्लील मैसेज भेजते। अकबर ने उन्हें अक्सर अपने केबिन में बुलाना शुरू कर दिया। गेट बंद कर लेते। ज्यादातर निजी बातचीत करते। कई बार वे कॉलम लिख रहे होते और सामने बैठने को कहते ताकि जरूरत पड़ने पर डिक्शनरी से उनके लिए वो शब्द देखें। स्टैंड पर रखी डिक्शनरी को देखने के लिए झुकना होता था।

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गजाला लिखती हैं-1997 की बात है। डिक्शनरी देखने के दौरान ही एक बार अकबर ने पीछे से आकर उन्हें जकड़ लिया। ऊपर से नीचे तक छुआ। उन्होंने छुड़ाने की कोशिश की, लेकिन अकबर प्लास्टर की तरह चिपके रहे। अकबर इस दौरान केबिन का दरवाजा भी ब्लॉक करके रखते थे। गजाला लिखती हैं कि वे इसके बाद टॉयलेट में जाकर रोती रहीं। अगली शाम अकबर ने फिर उन्हें केबिन में बुलाया और दरवाजा बंद करके किस किया। वो खुद को छुड़ाने के लिए संघर्ष करती रहीं। ऑफिस से बाहर आकर पार्किंग वाली जगह में बैठकर रोईं।

बाद में गजाला ने जब अकबर को शिकायती मैसेज भेजा तो अकबर ने उन्हें केबिन में बुलाया और लेक्चर देने लगे कि किस तरह वो उन्हें अपमानित कर रही हैं और उनके इमोशन को गलत समझ रही हैं। एक बार अकबर ने अपने एक प्राइवेट एस्ट्रोलॉजर को यह कहने के लिए भेजा कि अकबर गजाला से सच्चा प्यार करते हैं। गजाला तब इतनी डर गई थीं कि उन्हें लगा कि अगर वह विरोध करेंगी तो क्या उनका यौन शोषण किया जाएगा? वो पुलिस के पास जाना चाहती थीं, लेकिन डरकर नहीं गईं। अकबर उन्हें अहमदाबाद भेजना चाहते थे और घर देने की बात भी कही। लेकिन इससे ठीक पहले गजाला ने इस्तीफा दे दिया।

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